होली दिवाली और हिन्दुओ के अन्य त्यौहार हराम है, इनकी बधाई देना गुनाह है : इस्लामिक मजहब गुरु

देश में अमन चैन तबतक कायम नहीं हो सकता जबतक मजहबी उन्मादियों को सऊदी अरब न भगा दिया जाया, जहाँ का उन्माद ये लोग भारत के अन्दर फैलाते है, भारत एक सेक्युलर देश है पर मजहबी उन्मादी कभी भी सेकुलरिज्म को नहीं मानते

जहाँ मजहबी उन्मादी संख्या में कम होते है वहां बहुत मीठे बोल बोलते है, पर असल में इनकी मानसिकता क्या होती है ये समझना बेहद जरुरी है क्यूंकि जबतक जड़ को नहीं समझा जाएगा तबतक समस्या का कभी समाधान नहीं होगा

रोजाना कोई न कोई नया जाकिर नाइक इस देश में पैदा हो जाता है जो खुलेआम सेकुलरिज्म की धज्जियाँ उड़ाता है, खुलकर दुसरे धर्मो को हराम बताता है, खुलकर दुसरे धर्मो के त्योहारों को गालियाँ देता है

आये दिन ऐसे मजहब गुरुओं का विडियो हम पाठको के सामने रखते है, और फिर एक बार ऐसे ही एक शख्स का विडियो सामने आया है

एक मजहब गुरु ने विडियो बनाकर अपने मजहब के लोगो को समझाने का काम किया है की हिन्दुओ के त्यौहार एकदम हराम है और हिन्दुओ के त्यौहार पर बधाई देना गुनाह है

इस मजहब गुरु के अनुसार दुसरे धर्म के त्यौहार पर बधाई नहीं देना चाहिए, और न ही दुसरे धर्म के त्यौहार में शामिल होना चाहिए, आप स्वयं ही देखिये इस मजहब गुरु का ज्ञान

ये शख्स कह रहा है की – मसला सिर्फ होली का ही नहीं है, दिवाली हो चाहे हिन्दुओ के अन्य कोई भी त्यौहार हो, सबकुछ शरिया के हिसाब से हराम है

ये मजहब गुरु बता रहा है की – मौखिक तौर पर और असली तौर पर हिन्दुओ के किसी त्यौहार में शामिल नहीं होना चाहिए, न ही हिन्दुओ को उनके त्यौहार पर बधाई देना चाहिए और न ही उनके त्यौहार में कभी शामिल होना चाहिए क्यूंकि ऐसा करना एकदम हराम है, और जो हराम है वो गुनाह है