केरल के कॉलेज का फरमान – हर चीज की शुरुवात होगी कुरान पढने के साथ, बाकि धर्मो के ग्रन्थ बैन

अगर कोई स्कुल ये कह दे की – भागवत गीता या सरस्वती पूजा, गायत्री मन्त्र के साथ पढाई की शुरुवात होगी, तो तुरंत ही सेकुलरिज्म खतरे में पड़ जायेगा और टीवी डिबेट शुरू हो जाएगी, पुरे देश में रुदाली मचा दी जाएगी

पर केरल में एक कॉलेज ने फरमान सुना दिया है की हर काम की शुरुवात कॉलेज में कुरान पढने के साथ ही की जाएगी, कोई भी काम कुरआन पढने के बाद ही होगा, और दुसरे धर्म ग्रन्थ बैन रहेंगे, तो इसपर चारो ओर ख़ामोशी है

जी हां, केरल के एक कॉलेज ने ऐसा ही फरमान सुनाया है, इस कॉलेज को मुस्लिम लोग चलाते है, पर इस कॉलेज में सभी धर्मो के लोग पढ़ते है, और सभी के लिए कुरान पढना अनिवार्य कर दिया गया है, और दुसरे धर्मो के ग्रंथों पर बैन लगा दिया गया है

ये कारनामा केरल के अजीजिया मेडिकल कॉलेज ने किया है, जो की एक बड़ा अस्पताल भी है, 18 अप्रैल को नोटिस निकाला गया है जिसमे सख्त निर्देश है की हर काम की शुरुवात कुरान के साथ होगी

https://twitter.com/ShehnazKAUR3/status/1136846544269791232

नोटिस में साफ़ लिख दिया गया है की – दुसरे ग्रन्थ बैन रहेंगे, यानि दुसरे धर्मो के ग्रन्थ बैन रहेंगे, दुसरे धर्मो की कोई प्रार्थना नहीं होगी, पर कॉलेज में सब काम कुरान पढने के बाद ही होगा

चाहे आप मुस्लिम है या नहीं है आपको कुरान पढना होगा, कुरआन पढने के बाद ही इस कॉलेज में कोई काम होगा, सभी के लिए कुरान अनिवार्य कर दिया गया है, और इस घटना को हुए काफी समय भी हो चूका है पर पुरे देश में इसपर चुप्पी है, अभी सेकुलरिज्म खतरे में बिलकुल नहीं पड़ा है